Breaking News : हरियाणा के 52 शहरों में HSVP बसाएगा 500 नए सेक्टर, सस्ते प्लॉट लेने का मौका, जानें पूरा प्लान
जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहे, इसके लिए ई-भूमि पोर्टल (e-Bhoomi Portal) का उपयोग किया जाएगा।

Breaking News : हरियाणा में अपना घर बनाने का सपना देख रहे लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी है। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) ने लोगों के सपनों को पूरा करने के लिए नई योजना तैयार की है। ऐसे में प्रदेश के 12 जिलों के 52 शहरों में नए 500 से अधिक सेक्टर को विकसित किया जाएगा। इसके लिए योजना तैयार की गई है। जिससे न केवल योजनाबद्ध विकास होगा बल्कि आमजन को रियायती दरों पर प्लॉट भी मिल सकेंगे।
1.46 लाख एकड़ जमीन का होगा अधिग्रहण
HSVP के मुख्य प्रशासक चंद्रशेखर खरे ने इस मेगा प्रोजेक्ट को गति देने के लिए सभी जोनल प्रशासकों और संपदा अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए हैं। इस पूरी योजना के लिए करीब 1.46 लाख एकड़ भूमि की पहचान की गई है। इस जमीन को अधिकग्रहण किया जाएगा। उसके बाद नए सेक्टर को विकसित करने के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम किया जाएगा।
जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहे, इसके लिए ई-भूमि पोर्टल (e-Bhoomi Portal) का उपयोग किया जाएगा। अधिकारियों को राजस्व रिकॉर्ड और खसरा नंबर जल्द से जल्द अपलोड करने को कहा गया है। HSVP की नई योजना से लोगों को सेक्टर में अपना मकान बनाने का सपना पूरा होगा। वहीं बता दे कि 52 शहरों में तीन दशक पहले नए सेक्टर को विकसित किया गया था। उसके बाद से कोई योजना नहीं आई है। लगातार बढ़ती आबादी को देखते हुए नई योजना तैयार की गई है।
किन शहरों में बसेंगे नए सेक्टर
HSVP ने इस योजना को पांच मुख्य जोनों में बांटा है।
गुरुग्राम जोन: गुरुग्राम, रेवाड़ी, धारूहेड़ा, सोहना, पटौदी, फरुखनगर और गोलपहली।
फरीदाबाद जोन: फरीदाबाद, नूंह, तावडू और होडल।
पंचकूला जोन: पंचकूला एक्सटेंशन, पिंजौर-कालका, यमुनानगर, करनाल, कैथल, कुरुक्षेत्र और शाहबाद।
हिसार जोन: हिसार, हांसी, जींद, नरवाना, फतेहाबाद, टोहाना और उकलाना।
रोहतक जोन: रोहतक, सोनीपत, पानीपत, झज्जर, बहादुरगढ़, खरखौदा और गोहाना।
अवैध कॉलोनियों पर लगेगी लगाम
HSVP के इस कदम का मुख्य उद्देश्य शहरों के आसपास बढ़ रही अवैध कॉलोनियों पर रोक लगाना है। प्राधिकरण का मानना है कि जब सरकार किफायती और सुविधाओं से लैस सेक्टर विकसित करेगी, तो लोग अवैध निर्माण की ओर नहीं जाएंगे। इससे सड़कों, सीवरेज और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं का बेहतर प्रबंधन हो सकेगा। (Breaking News)
इन्वेस्टर्स और आम जनता को क्या होगा फायदा
रियायती दरें: सरकारी सेक्टर होने के कारण प्लॉट की कीमतें प्राइवेट बिल्डर्स के मुकाबले कम होने की उम्मीद है।
बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर: चौड़ी सड़कें, पार्क और कम्युनिटी सेंटर्स जैसी सुविधाएं पहले से प्लान की जाएंगी।
रोजगार के अवसर: 500 नए सेक्टर बसने से निर्माण क्षेत्र में बड़े स्तर पर रोजगार पैदा होगा।









