Scam In Gurugram : राशन घोटाले का खुलासा, गरीबों का 153 टन गेहूं खा गए, खाद्य विभाग के 4 अधिकारियों पर FIR दर्ज

Scam In Gurugram : गुरुग्राम के खाद्य एवं आपूर्ति विभाग में राशन के कथित गबन और अवैध वसूली के मामले में शिवाजी नगर थाना पुलिस ने विभाग के चार अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज की है। पुलिस ने यह कार्रवाई मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की रेड में मिले खाद्य एवं आपूर्ति विभाग से जुड़े रिकॉर्ड के सत्यापन के बाद की है । FIR में IPC की धारा 409, 420, 120-B और 384 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
FIR के मुताबिक मामला 17 फरवरी 2026 को जिला खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता नियंत्रक कार्यालय पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की रेड रे दौरान सामने आया । सत्यापन के दौरान राशन की POS मशीनों के रिकॉर्ड और बैंक खातों की जांच की गई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि कुछ POS मशीनों से दूसरी मशीनों में राशन ट्रांसफर कर गेहूं का गबन किया गया। साथ ही राशन डिपो होल्डरों को मशीनें ट्रांसफर करने का दबाव दिखाकर उनसे पैसे वसूलने के आरोप भी लगाए गए हैं।
2023 में 153 टन से ज्यादा गेहूं ट्रांसफर
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार जुलाई, अगस्त और नवंबर 2023 में अलग-अलग POS मशीनों के माध्यम से बड़ी मात्रा में गेहूं दूसरी मशीनों में ट्रांसफर किया गया। सत्यापन में जुलाई 2023 में 71,735 किलोग्राम, अगस्त में 57,969 किलोग्राम और नवंबर में 23,400 किलोग्राम गेहूं ट्रांसफर किए जाने की बात सामने आई। इन तीनों महीनों की मात्रा को मिलाकर कुल 1,53,104 किलोग्राम (153.1 टन) गेहूं का गबन किए जाने का आरोप लगाया गया है।
FIR में कहा गया है कि जिन POS मशीनों के जरिए राशन ट्रांसफर किया गया, वे किसी राशन डिपो को अलॉट नहीं थीं और भौतिक रूप से भी मौजूद नहीं पाई गईं। रिकॉर्ड में यह भी उल्लेख है कि वर्ष 2020 के बाद इन मशीनों में सरकार की ओर से कोई राशन अलॉट नहीं किया गया था।
चार अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज
FIR में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के तत्कालीन DFSC अनिल कुमार, AFSO विजय कुमार, निरीक्षक प्रेमपूर्ण सिंह और उप निरीक्षक राकेश कुमार को आरोपी बनाया गया है। शिकायत में आरोप है कि इन अधिकारियों ने डिपो होल्डरों के साथ मिलीभगत कर राशन का गबन किया।
इसके अलावा FIR में आरोप है कि उप निरीक्षक राकेश कुमार ने डिपो धारक बाबूराम गुप्ता से अन्य राशन डिपो की मशीनें अटैच करने के नाम पर दबाव बनाकर 1 जनवरी 2022 से 31 मार्च 2026 तक धन की वसूली की। रिकॉर्ड के मुताबिक एक बैंक खाते से 1,29,200 रुपये की राशि वसूल किए जाने का उल्लेख है।
शिवाजी नगर थाने में दर्ज हुई FIR
यह FIR 28 सितंबर 2026 को दोपहर 12:20 बजे शिवाजी नगर थाने में दर्ज की गई। मामले की जांच ASI रामबीर को सौंपी गई है। पुलिस ने मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है और FIR में कहा गया है कि जांच के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी
