ED Action : हरियाणा-यूपी में ईडी ने ADEL बिल्डर की 585 करोड़ रुपए की संपत्ति कुर्क की, 1 हज़ार करोड़ की ठगी का आरोप
ED द्वारा जारी किए गए प्रेस नोट में बताया गया है कि कंपनी पर दिल्ली पुलिस और हरियाणा पुलिस द्वारा लगभग 74 FIR/Charge Sheet होने के बाद हरियाणा और उत्तर प्रदेश में लगभग 340 एकड़ ज़मीन को कुर्क कर लिया गया है ।

ED Action : प्रवर्तन निदेशालय (Enforcement Directorate – ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग (Money Laundering) के मामले में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए मेसर्स एडीएल लैंडमार्क्स लिमिटेड (ADEL Landmarks Ltd), जिसे पहले ‘एरा लैंडमार्क्स’ के नाम से जाना जाता था, की ₹585.46 करोड़ की अचल संपत्तियों (Immovable Properties) को अस्थायी रूप से कुर्क (Provisional Attachment) कर लिया है ।
कहां कहां कुर्क हुई संपत्तियां ?
ED द्वारा जारी किए गए प्रेस नोट में बताया गया है कि कंपनी पर दिल्ली पुलिस और हरियाणा पुलिस द्वारा लगभग 74 FIR दर्ज होने के बाद हरियाणा और उत्तर प्रदेश में लगभग 340 एकड़ ज़मीन को कुर्क कर लिया गया है । ED ने बताया है कि मेसर्स एडीएल लैंडमार्क्स लिमिटेड (ADEL Landmarks Ltd) से जुड़ी हुईं प्रॉपर्टीज़ गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, बहादुरगढ, मेरठ और गाज़ियाबाद में कुर्क की गई है ।

क्या है पूरा मामला? (Background of the Case)
ED की यह जांच हरियाणा पुलिस, दिल्ली पुलिस और आर्थिक अपराध शाखा (EOW) द्वारा दर्ज की गई 74 FIR/Charge-sheets के आधार पर शुरू हुई थी । कंपनी और उसके प्रमोटरों हेम सिंह भराना और सुमित भराना पर आरोप है कि उन्होंने घर खरीदारों (Home Buyers) को फ्लैट और यूनिट देने के नाम पर धोखाधड़ी (Fraud) और जालसाजी (Forgery) की है।
FIR में क्या हैं आरोप ? (Key Findings)
हजारों ग्राहकों से ठगी: कंपनी ने गुरुग्राम और फरीदाबाद में 8 हाउसिंग प्रोजेक्ट्स (जैसे कॉस्मोकोर्ट, कॉस्मोसिटी, स्काईविले ) के नाम पर 4,771 ग्राहकों से लगभग ₹1,075 करोड़ की भारी-भरकम राशि इकट्ठा की थी।
फंड की हेराफेरी (Diversion of Funds): जांच में सामने आया कि 2006-2012 के बीच शुरू हुए ये प्रोजेक्ट आज भी अधूरे हैं। प्रमोटरों ने खरीदारों के पैसे का उपयोग घर बनाने के बजाय दूसरी कंपनियों को फंड ट्रांसफर करने और जमीन खरीदने में किया।
रिफंड चेक बाउंस: जब खरीदारों ने देरी की वजह से रिफंड मांगा, तो कंपनी ने जो चेक जारी किए, वे बैंक में रिजेक्ट (Bounce) हो गए।
बिना बताए लोन लेना: कंपनी ने खरीदारों को जानकारी दिए बिना ही प्रोजेक्ट की जमीन बैंकों के पास गिरवी रखकर टर्म लोन (Term Loan) उठा लिया।
प्रभावित प्रोजेक्ट्स के नाम:
ED की रिपोर्ट के अनुसार, इन 8 प्रोजेक्ट्स में मुख्य रूप से शामिल हैं:
कॉस्मोकोर्ट (Cosmo Court)
कॉस्मोसिटी-I और III (Cosmo City)
स्काईविले (Skyville)
रेडवुड रेजीडेंसी (Redwood Residency)
एरा ग्रीन वर्ल्ड (Era Green World)
एरा डिवाइन कोर्ट (Era Divine Court)
एडीएल डिवाइन कोर्ट (ADL Divine Court)
ED ने स्पष्ट किया है कि कंपनी ने प्रोजेक्ट लेआउट और लाइसेंस प्राप्त भूमि में भी अवैध बदलाव किए, जिससे बुनियादी सुविधाओं का वादा पूरा नहीं हो सका । फिलहाल मामले की जांच जारी है ।













