Haryana ATS के गठन को मिली मंजूरी, एनएसजी की तर्ज पर तैयार होंगे कमांडो, पंचकूला और गुरुग्राम में खुलेंगे एटीएस थाने
पंचकूला में होगा मुख्यालय; दो थानों के जरिए पूरे सूबे की आंतरिक सुरक्षा पर रखी जाएगी पैनी नजर; जानें कैसे काम करेगा हरियाणा पुलिस का यह नया स्पेशल विंग

Haryana ATS : हरियाणा में आंतरिक सुरक्षा को चाक-चौबंद करने और देश विरोधी ताकतों की कमर तोड़ने के लिए मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की सरकार ने एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। प्रदेश की सुरक्षा को शीर्ष प्राथमिकता पर रखते हुए हरियाणा पुलिस के इतिहास में पहली बार आतंकवाद निरोधी दस्ते (ATS – Anti Terrorism Squad) के गठन को मंजूरी दे दी गई है। मुख्यमंत्री के कड़े निर्देशों के बाद गृह सचिव सुधीर राजपाल ने इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना भी जारी कर दी है। इस नए विशेष दस्ते का मुख्य उद्देश्य राज्य में आतंकवाद, कट्टरपंथ और संगठित आतंकी नेटवर्क पर निर्णायक प्रहार करना है। एटीएस का मुख्य मुख्यालय पंचकूला में स्थापित किया जाएगा।

Haryana ATS : NSG की तर्ज पर तैयार होंगे ‘सुपर कमांडो’
हरियाणा पुलिस का यह नया दस्ता बेहद आधुनिक और घातक होगा। इसमें शामिल होने वाले जवानों को राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) की कठिन तर्ज पर विशेष रूप से प्रशिक्षित किया जाएगा। आतंकवाद से जुड़े किसी भी संवेदनशील मामले की जांच अब सामान्य पुलिस नहीं, बल्कि सीधे एटीएस की टीम करेगी। पुलिस महानिदेशक (DGP) अजय सिंघल ने बताया कि यह दस्ता आधुनिक तकनीक, मजबूत खुफिया तंत्र (Intelligence) और अन्य राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियों के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करेगा, ताकि प्रदेश को पूरी तरह से सुरक्षित, शांतिपूर्ण और भयमुक्त बनाया जा सके।
Haryana ATS : CID के नियंत्रण में करेगा काम, आईजी (IG) संभालेंगे कमान
एटीएस की संरचना को बहुस्तरीय (Multi-layered) और बेहद मजबूत बनाया गया है।
कमान: इस पूरे विंग का नेतृत्व पुलिस महानिरीक्षक (IG) स्तर के एक वरिष्ठ अधिकारी करेंगे।
कंट्रोल: एटीएस पूरी तरह से सीआईडी (CID) के कमांड एवं नियंत्रण में रहकर काम करेगी।
स्पेशल विंग्स: इसके तहत एक समर्पित खुफिया एवं संचालन शाखा होगी जो संदिग्ध संगठनों की निगरानी करेगी। साथ ही, टेरर फंडिंग और कानूनी मामलों के लिए वित्तीय जांच तथा फॉरेंसिक इकाइयां भी इसमें शामिल होंगी।
Haryana ATS : पंचकूला और गुरुग्राम में होंगे स्पेशल थाने, ऐसे बंटे जिले
पूरे हरियाणा राज्य को सुरक्षा घेरे में लेने के लिए एटीएस के दो विशेष पुलिस थाने स्थापित किए जा रहे हैं। इन दोनों थानों का अधिकार क्षेत्र इस प्रकार तय किया गया है:
पंचकूला एटीएस थाना: इसके अधिकार क्षेत्र में उत्तर और पश्चिम हरियाणा के 15 जिले आएंगे— पंचकूला, अंबाला, कुरुक्षेत्र, यमुनानगर, करनाल, पानीपत, कैथल, हिसार, हांसी, फतेहाबाद, जींद, सिरसा, रोहतक, भिवानी और चरखी दादरी।
गुरुग्राम एटीएस थाना: इसके अंतर्गत दक्षिण और एनसीआर (NCR) क्षेत्र के 8 जिले शामिल किए गए हैं— सोनीपत, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, नूंह, रेवाड़ी और महेंद्रगढ़।
Haryana ATS : क्या होंगे एटीएस के मुख्य कार्य?
त्वरित कार्रवाई: किसी भी आतंकी घटना या इनपुट पर तत्काल रिस्पॉन्स देना।
जांच और मुकदमा: आतंकवाद से जुड़े मामलों की बारिकी से जांच करना और मजबूत पैरवी कर सजा दिलाना।
डेटाबेस और रिसर्च: आतंकियों और उनके मददगारों का एक केंद्रीय डेटाबेस तैयार करना तथा ट्रेंड्स का एनालिसिस करना।
कौशल विकास: विंग के जवानों को लगातार एडवांस और हाई-टेक ट्रेनिंग देना।
डीजीपी अजय सिंघल का बयान :
राज्य की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं हो सकता और आतंकवाद के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति रहेगी। एटीएस का गठन हरियाणा की कानून-व्यवस्था को एक नए और बेहद मजबूत स्तर पर ले जाएगा।”