Army Of Bulldozer : जहां हुआ था पथराव वहां बुलडोज़र की फौज़ लेकर पहुंचे अधिकारी, अवैध निर्माणों को मिट्टी में मिलाया
डिस्ट्रिक्ट टाउन एंड कंट्री प्लानिंग एन्फोर्समेंट के अधिकारी अमित मधोलिया ने बताया कि गुरुग्राम में किसी भी अवैध निर्माण को टिकने नहीं दिया जाएगा । 8 सितंबर को जब टीम यहां पर तोड़फोड़ करने पहुंची थी तो लोगों ने मिलकर टीम पर हमला कर दिया था जिसमें जेसीबी ड्राइवर गंभीर रुप से घायल हो गया था ।

Army Of Bulldozer : बीती 8 सितंबर को गुरुग्राम के कांकरौला गांव के आसपास बने अवैध वेयरहाउस को ध्वस्त करने पहुंची टीम पर हमले के बाद एक बार फिर से शुक्रवार को DTP की टीम बुलडोज़र की फौज लेकर ठीक उसी जगह पहुंची और कई घंटो की कार्रवाई में लगभग 7 एकड़ में फैले 12 अवैध वेयरहाउस को मिट्टी में मिला दिया गया ।

डिस्ट्रिक्ट टाउन एंड कंट्री प्लानिंग एन्फोर्समेंट के अधिकारी अमित मधोलिया ने बताया कि गुरुग्राम में किसी भी अवैध निर्माण को टिकने नहीं दिया जाएगा । 8 सितंबर को जब टीम यहां पर तोड़फोड़ करने पहुंची थी तो लोगों ने मिलकर टीम पर हमला कर दिया था जिसमें जेसीबी ड्राइवर गंभीर रुप से घायल हो गया था ।

हालात को देखते हुए इस बार तोड़फोड़ दस्ते के साथ 200 से ज्यादा पुलिसबल के जवान तैनात रहे और बुलडोजर मशीनों की पूरी फौज लेकर आज ये कार्रवाई की गई । तोड़फोड़ की कार्रवाई करने के लिए मानेसर तहसीलदार को बतौर ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था ।
अमित मधोलिया ने बताया कि जहां पर तोड़फोड़ की गई है ये जगह सेक्टर 87 के अंतर्गत आता है, जिसे मास्टर प्लान में सार्वजनिक और अर्ध-सार्वजनिक उपयोग (public and semi-public use) के लिए निर्धारित किया गया है । इन अवैध निर्माणों के कारण भूमि के आधिकारिक उपयोग में बाधा आ रही थी । अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि सरकारी या आरक्षित भूमि पर किसी भी प्रकार के अवैध कब्जे या निर्माण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और भविष्य में भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे ।


आपको बता दें कि जब 8 सितंबर को तोड़फोड़ दस्ते पर हमला हुआ तो मानेसर नगर निगम की मेयर डॉ. इंद्रजीत यादव के पति राकेश हयातपुर और मानेसर नगर निगम के दो पार्षदों के खिलाफ केस दर्ज कराया गया था ।












