No Entry In Delhi : तीन दिन दिल्ली में वाहनों की रहेगी नो एंट्री, पढें पूरी डिटेल
जिन भारी वाहनों को दूसरे राज्यों या जिलों में जाना है, वे कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल कर सकते हैं।

No Entry In Delhi : स्वतंत्रता दिवस समारोह को लेकर सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनज़र, दिल्ली में 12 से 15 अगस्त तक भारी वाहनों के लिए नो एंट्री रहेगी । यह प्रतिबंध तीनों दिन शाम 5 बजे से अगले दिन दोपहर 1:30 बजे तक लागू रहेगा।
गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने इस संबंध में ट्रक यूनियन के प्रधानों और पदाधिकारियों के साथ एक बैठक की है। बैठक में यह निर्देश दिया गया है कि सभी भारी वाहन चालक अपने वाहनों को सही पार्किंग स्थलों पर ही पार्क करें ताकि आम जनता को यातायात में कोई परेशानी न हो।

मीटिंग में ट्रक यूनियन के प्रधानों और ड्राइवरों को सूचित किया गया कि:
- 12 अगस्त शाम 5 बजे से 13 अगस्त दोपहर 1:30 बजे तक भारी वाहनों का दिल्ली में प्रवेश वर्जित रहेगा।
- इसी तरह, 14 अगस्त शाम 5 बजे से 15 अगस्त दोपहर 1:30 बजे तक भी यही प्रतिबंध लागू रहेगा।
जिन भारी वाहनों को दूसरे राज्यों या जिलों में जाना है, वे कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेसवे का इस्तेमाल कर सकते हैं। यातायात पुलिस ने यह भी बताया है कि सुरक्षा के लिहाज़ से विभिन्न जगहों पर नाके भी लगाए जाएंगे। यह कदम स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान दिल्ली में सुचारु और सुरक्षित यातायात सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।

केएमपी (KMP) एक्सप्रेसवे का उपयोग
ट्रक चालकों और अन्य भारी वाहनों के लिए सबसे प्रमुख और सुझाया गया वैकल्पिक मार्ग कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेसवे है, जिसे वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे भी कहा जाता है। यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के बाहरी इलाकों से गुजरता है और राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश किए बिना ही हरियाणा के विभिन्न हिस्सों को जोड़ता है।
इस मार्ग का उपयोग करके, जो वाहन अन्य राज्यों या जिलों में जा रहे हैं, वे दिल्ली के भीतर प्रवेश किए बिना ही अपने गंतव्य तक पहुंच सकते हैं, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत होगी।
अन्य महत्वपूर्ण निर्देश
यातायात पुलिस ने चालकों से यह भी आग्रह किया है कि वे अपने वाहनों को किसी भी हालत में मुख्य सड़कों या गैर-निर्दिष्ट स्थानों पर पार्क न करें। इससे यातायात जाम की स्थिति पैदा हो सकती है और अन्य वाहन चालकों को परेशानी हो सकती है। पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के लिए विभिन्न जगहों पर नाके भी लगाए हैं, जो यातायात के प्रवाह को नियंत्रित करने में मदद करेंगे।
यह सुनिश्चित किया गया है कि दूध, फल, सब्जियां, एंबुलेंस, और फायर ब्रिगेड जैसी आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों के लिए दिल्ली में प्रवेश पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा।











