गुरुग्राम के बाद अब पूरे हरियाणा में Stilt+4 Floor के निर्माण पर सरकार ने फिर लगाई रोक

हाईकोर्ट की सुनवाई के बाद टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग ने जारी किए निर्देश, ऑनलाइन पोर्टल पर नए आवेदनों की प्रक्रिया भी तत्काल प्रभाव से बंद

Stilt+4 Floor : हरियाणा में आवासीय प्लॉट्स पर Stilt+4 Floor (S+4) यानी पार्किंग के साथ चार मंजिला इमारतें बनाने की योजना बना रहे लोगों को बड़ा झटका लगा है। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में हुई अहम सुनवाई के बाद राज्य सरकार ने पूरे हरियाणा में स्टिल्ट+4 निर्माण की नई मंजूरियों पर तत्काल प्रभाव से पूरी तरह रोक लगा दी है। प्रशासन ने ऑनलाइन पोर्टल पर नए आवेदनों की स्वीकृति और प्रक्रिया को भी अगले आदेश तक के लिए स्थगित कर दिया है।

हाईकोर्ट के कड़े रुख के बाद लिया गया फैसला

स्टिल्ट+4 निर्माण की नई मंजूरियों पर तत्काल प्रभाव से पूरी तरह रोक

 

यह निर्णय पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में चल रही याचिका (सुनील सिंह बनाम हरियाणा सरकार) की सुनवाई के दौरान अदालत द्वारा दिए गए स्पष्ट निर्देशों के बाद आया है। मामले में याचिकाकर्ता की ओर से सुप्रीम कोर्ट की वरिष्ठ अधिवक्ता निवेदिता शर्मा पैरवी कर रही हैं।

हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश की पीठ के समक्ष हुई सुनवाई में अदालत ने रुख साफ करते हुए कहा कि मामले में अंतिम स्थिति स्पष्ट होने तक राज्य में Stilt+4 Floor के लिए किसी भी तरह की नई मंजूरी न दी जाए। अदालत के इस रुख के तुरंत बाद टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग (DTCP) के निदेशक ने राज्य भर के प्रशासनिक अधिकारियों को विस्तृत आदेश जारी कर दिए।


Stilt+4 Floor पोर्टल बंद, ऑनलाइन और ऑफलाइन मंजूरियों पर ब्रेक

टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग द्वारा जारी आधिकारिक निर्देश में कहा गया है कि ऑनलाइन बिल्डिंग प्लान स्वीकृति और ‘सेल्फ सर्टिफिकेशन’ से जुड़ी प्रशासनिक व्यवस्थाएं अभी अंतिम रूप में नहीं हैं।

विभाग ने स्पष्ट किया है कि:

  • Stilt+4 Floorसे संबंधित किसी भी नए आवेदन को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

  • ऑनलाइन पोर्टल पर नक्शा पास कराने या आवेदन दाखिल करने की प्रक्रिया तुरंत रोक दी गई है।

  • यह आदेश हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP), शहरी स्थानीय निकाय (ULB), और HSIIDC सहित राज्य के सभी जिला टाउन प्लानर्स (DTPs) पर समान रूप से लागू होगा।


Stilt+4 Floor पहले केवल गुरुग्राम तक सीमित थी रोक

गौरतलब है कि इससे पहले भी हाईकोर्ट ने पूरे राज्य में Stilt+4 Floor निर्माण पर रोक लगाई थी। हालांकि, बाद की सुनवाइयों के दौरान अदालत ने आंशिक राहत देते हुए रोक का दायरा केवल गुरुग्राम (Gurugram) तक सीमित कर दिया था और बाकी जिलों में शर्तों के साथ मंजूरियां बहाल कर दी गई थीं। लेकिन अब ताजा सुनवाई के बाद यह Stilt+4 Floor प्रतिबंध एक बार फिर पूरे हरियाणा में प्रभावी कर दिया गया है।

क्या है स्टिल्ट+4 (Stilt + 4) नीति?

सहरी क्षेत्रों में आवास की बढ़ती मांग को देखते हुए स्टिल्ट+4 नीति लाई गई थी।

  • स्टिल्ट (Stilt): जमीन यानी ग्राउंड लेवल पर खुले खंभों (Pillars) वाला क्षेत्र, जिसे केवल वाहनों की पार्किंग के लिए आरक्षित रखा जाता है।

  • +4 फ्लोर: पार्किंग के ऊपर चार अलग-अलग रिहायशी मंजिलें (Residential Floors) बनाने की अनुमति दी जाती है।

इस नीति को लेकर बुनियादी ढाँचे (ड्रैनेज, सीवरेज, बिजली-पानी और पार्किंग) पर अत्यधिक दबाव और पड़ोसी मकानों की सुरक्षा को लेकर कई रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशंस (RWAs) और नागरिक लगातार विरोध जताते रहे हैं।

Manu Mehta

मनु मेहता पिछले लगभग 18 वर्षों से गुरुग्राम की पत्रकारिता में सक्रिय एक अनुभवी और विश्वसनीय पत्रकार हैं। उन्होंने कई बड़े नेशनल न्यूज़ चैनलों (ANI News, News Express, TV 9,… More »
Back to top button