Budget 2026 : कैंसर का इलाज और विदेश यात्रा हुई सस्ती, शेयर बाजार में ट्रेडिंग हुई महंगी, जानें आपके लिए क्या बदला?
सरकार ने विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए लिथियम-आयन बैटरी और सोलर ग्लास के कच्चे माल पर ड्यूटी घटाई है। परमाणु ऊर्जा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए न्यूक्लियर प्रोजेक्ट्स के उपकरणों पर 2035 तक कस्टम ड्यूटी नहीं लगेगी।

Budget 2026 : वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट पेश किया। इस बजट में सरकार ने सस्ते इलाज और हरित भविष्य (Green Energy) को प्राथमिकता दी है। जहाँ एक तरफ जीवन रक्षक दवाओं और इलेक्ट्रिक वाहनों को राहत दी गई है, वहीं शेयर बाजार के फ्यूचर्स और ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट में निवेश को महंगा कर दिया गया है।
सरकार ने बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र को बड़ी राहत दी है। कैंसर से जूझ रहे परिवारों के वित्तीय बोझ को कम करने के लिए 17 प्रमुख कैंसर दवाओं पर बेसिक कस्टम ड्यूटी पूरी तरह हटा दी गई है। इसके साथ ही, 7 दुर्लभ बीमारियों के इलाज के लिए विदेशों से मंगाई जाने वाली दवाओं और विशेष भोजन पर भी अब कोई टैक्स नहीं लगेगा।

बजट में मध्यम वर्ग के लिए प्रत्यक्ष आयकर (Income Tax) में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन विदेश जाने वालों को बड़ी राहत मिली है। टूर पैकेज पर लगने वाला TCS (Tax Collected at Source) अब 5% या 20% की जगह मात्र 2% फ्लैट लगेगा। 10 लाख रुपये से अधिक भेजने पर TCS को 5% से घटाकर 2% कर दिया गया है। विदेश से मंगाए जाने वाले उपहारों और इलेक्ट्रॉनिक्स पर ड्यूटी 20% से घटकर 10% रह गई है।
निवेशकों के लिए शेयर बाजार में अब दांव लगाना महंगा होगा। सरकार ने सट्टेबाजी की प्रवृत्ति को कम करने के लिए सिक्योरिटी ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) में वृद्धि की है।फ्यूचर्स ट्रेडिंग पर टैक्स 0.02% से बढ़ाकर 0.05% किया गया। ऑप्शंस प्रीमियम पर टैक्स 0.1% से बढ़कर 0.15% हो गया है। शेयर बायबैक के नियमों को सख्त करते हुए प्रमोटर्स पर अतिरिक्त टैक्स का बोझ डाला गया है।

बजट डायरी: क्या सस्ता, क्या महंगा?
| सस्ता (राहत) | महंगा (बोझ) |
| कैंसर की 17 जीवन रक्षक दवाएं | शेयर बाजार में F&O ट्रेडिंग |
| इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) बैटरी | शराब और तेंदूपत्ता |
| सोलर पैनल और ग्रीन एनर्जी उपकरण | मेटल स्क्रैप और खनिज (Minerals) |
| विदेश यात्रा और विदेशी शिक्षा | शेयर बायबैक (प्रमोटर्स के लिए) |
| लेदर, टेक्सटाइल और सिंथेटिक जूते | कुछ विशेष रसायन (Chemicals) |
| माइक्रोवेव ओवन के पुर्जे | पोटैशियम हाइड्रॉक्साइड |
सरकार ने विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए लिथियम-आयन बैटरी और सोलर ग्लास के कच्चे माल पर ड्यूटी घटाई है। परमाणु ऊर्जा क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए न्यूक्लियर प्रोजेक्ट्स के उपकरणों पर 2035 तक कस्टम ड्यूटी नहीं लगेगी।










