ACB का बड़ा एक्शन : फायर विभाग का कर्मचारी 15 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार

शिकायतकर्ता ने घुटने टेकने के बजाय भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो से संपर्क किया। ब्यूरो ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक रेडिंग टीम तैयार की।

ACB का बड़ा एक्शन :  हरियाणा में भ्रष्टाचार के विरुद्ध चल रही ‘जीरो टॉलरेंस’ मुहीम के तहत राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) को गुरुग्राम में एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। ब्यूरो की टीम ने गुरुवार को एक जाल बिछाकर अग्निशमन विभाग (फायर ब्रिगेड) के कर्मचारी मनोज कुमार को ₹15,000 की घूस लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद जब उसकी गाड़ी की जांच की गई, तो उसमें से करीब 3 लाख रुपये की संदिग्ध नकदी बरामद हुई है, जिसने विभाग में हड़कंप मचा दिया है।

पूरा मामला सेक्टर-53 स्थित ‘पारसनाथ एक्सोटिका सोसाइटी’ से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार, 13 अप्रैल 2026 को सोसाइटी के फ्लैट नंबर C-4/1203 में आग लग गई थी। इस मामले में सेक्टर-29 फायर स्टेशन में तैनात आरोपी मनोज कुमार ने सोसाइटी के मेंटेनेंस अकाउंटेंट को अपनी जांच के जाल में फंसा लिया।

आरोप है कि मनोज ने अकाउंटेंट को डराया कि वह उसे ड्यूटी में लापरवाही के गंभीर मामले में नामजद कर देगा। इस डर से बचने के एवज में आरोपी ने ₹20,000 की रिश्वत मांगी। लंबी सौदेबाजी के बाद मामला ₹15,000 में तय हुआ।

शिकायतकर्ता ने घुटने टेकने के बजाय भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो से संपर्क किया। ब्यूरो ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक रेडिंग टीम तैयार की। योजना के मुताबिक, जैसे ही शिकायतकर्ता ने आरोपी मनोज को केमिकल लगे हुए नोट थमाए, इशारा मिलते ही टीम ने उसे पकड़ लिया। पानी से हाथ धुलवाते ही आरोपी के हाथ गुलाबी हो गए, जो इस बात का वैज्ञानिक प्रमाण है कि उसने रिश्वत के नोटों को छुआ था।

ACB की कार्रवाई यहीं नहीं रुकी। जब टीम ने आरोपी की कार की सघन तलाशी ली, तो उसमें से 2,98,050 की भारी-भरकम राशि बरामद हुई। इस बड़ी रकम के बारे में आरोपी कोई कानूनी दस्तावेज या संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दे पाया। ब्यूरो अब इस कोण से भी जांच कर रहा है कि क्या यह पैसा अन्य लोगों से वसूली गई रिश्वत का हिस्सा है।

राज्य सतर्कता ब्यूरो ने आरोपी के खिलाफ FIR नंबर 16 (14 मई 2026) दर्ज की है। उस पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 308(2) के तहत कानूनी शिकंजा कसा गया है।भ्रष्टाचार समाज के लिए कोढ़ है। यदि कोई भी अधिकारी या कर्मचारी काम के बदले पैसे की मांग करता है, तो तुरंत ब्यूरो को सूचित करें। आरोपी मनोज से पूछताछ जारी है ताकि इस रैकेट की तह तक पहुँचा जा सके।

Sunil Yadav

सुनील यादव पिछले लगभग 15 वर्षों से गुरुग्राम की पत्रकारिता में सक्रिय एक अनुभवी और विश्वसनीय पत्रकार हैं। उन्होंने कई बड़े नेशनल न्यूज़ चैनलों में ( India Tv, Times Now,… More »
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