Gurugram में 166 करोड़ की लागत से बनेगा हाई-टेक सीवर प्लांट, GMDA ने तैयार किया प्लॉन
सर्वे के अनुसार, शहर के बरसाती नालों के जरिए करीब 7 करोड़ लीटर दूषित पानी और सैकड़ों उद्योगों का कचरा यमुना में मिल रहा है।

Gurugram : यमुना नदी को प्रदूषण मुक्त करने और शहर के सीवरेज सिस्टम को मजबूत बनाने की दिशा में गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (GMDA) ने एक बड़ा कदम उठाया है। प्राधिकरण ने गांव धनवापुर में 100 एमएलडी (मिलियन लीटर प्रतिदिन) क्षमता का नया सीवर शोधन संयंत्र (STP) तैयार करने की योजना बनाई है। करीब 166 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाले इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर प्रक्रिया अंतिम चरण में है और अब इसे मुख्यमंत्री की अध्यक्षता वाली उच्च स्तरीय समिति की अंतिम मंजूरी का इंतजार है।
यह नया प्लांट आधुनिक एसबीआर (Sequencing Batch Reactor) तकनीक पर आधारित होगा। इस तकनीक की खासियत यह है कि इसमें पारंपरिक प्लांट की तुलना में काफी कम जमीन की आवश्यकता होती है, जबकि पानी की सफाई की गुणवत्ता कहीं अधिक बेहतर होती है। GMDA के अधिकारियों के मुताबिक, टेंडर आवंटित होने के बाद संबंधित कंपनी को दो साल के भीतर प्लांट और मेन पंपिंग स्टेशन का काम पूरा करना होगा।
सर्वे के अनुसार, शहर के बरसाती नालों के जरिए करीब 7 करोड़ लीटर दूषित पानी और सैकड़ों उद्योगों का कचरा यमुना में मिल रहा है। इस नए एसटीपी के चालू होने से नजफगढ़ नाले और उसके माध्यम से यमुना में जाने वाले प्रदूषण पर लगाम लगेगी।
सरकार ने पारदर्शिता और रखरखाव सुनिश्चित करने के लिए इस बार नई शर्त जोड़ी है। प्रोजेक्ट की 49 प्रतिशत राशि 5 साल के सफल रखरखाव के बाद ही जारी की जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि प्लांट न केवल बने, बल्कि लंबे समय तक प्रभावी ढंग से काम भी करे।