NO Entry In Stadium : ताऊ देवीलाल स्टेडियम में बाहरी लोगों की एंट्री पर पाबंदी, 50 रुपए का बनवाना होगा पास

NO Entry In Stadium : गुरुग्राम के सेक्टर-38 में स्थित ताऊ देवी लाल स्टेडियम में खिलाड़ियों की ट्रेनिंग निर्बाध रखने के उद्देश्य से प्रबंधन ने महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं । अब एथलेटिक्स ट्रैक पर सिर्फ वे लोग ही जा सकेंगे जो इसके अधिकृत उपयोगकर्ता हैं । सामान्य लोगों या वॉकर्स के लिए प्रवेश एक तय प्रक्रिया के बाद ही संभव होगा । यह व्यवस्था दिसंबर से पूरी तरह लागू कर दी जाएगी, जिसके बारे में गेट पर नोटिस लगा दिया गया है ।
गैर-खिलाड़ियों के लिए बनाई जाएगी पंजीकरण व्यवस्था
जीएमडीए द्वारा संचालित इस स्टेडियम में सुबह-शाम बड़ी संख्या में लोग घूमने आते हैं। इन्हीं लोगों के लिए अब नया एंट्री सिस्टम शुरू किया जा रहा है। जिसके तहत 50 रुपये का पास बनवाना होगा और पास दिखाने पर ही अंदर प्रवेश मिलेगा। खिलाड़ियों के लिए सुबह 5 से 7 बजे का समय पहले की तरह ही आरक्षित रहेगा। ट्रैक की दस लेनों में से तीन लेन खिलाड़ियों के लिए तय होंगी, जबकि शेष तीन लेन पासधारी लोगों को उपलब्ध कराई जाएंगी।

भीड़ नियंत्रण की बड़ी चुनौती
स्टेडियम प्रशासन के अनुसार रोजाना करीब 300 से अधिक लोग बिना किसी रिकॉर्ड के परिसर में प्रवेश कर जाते हैं । जबकि सिर्फ 60 खिलाड़ी नियमित रूप से अभ्यास करते हैं। रिकॉर्ड न होने से सुरक्षा और व्यवस्था दोनों में दिक्कत आती है । अब नए सिस्टम के बाद हर आने वाले व्यक्ति का विवरण दर्ज किया जाएगा ताकि ट्रैक का उपयोग नियंत्रित और सुरक्षित रहे।
अभ्यास में रुकावटें और विवाद: कारण बने नई नीति के
कोचों और खिलाड़ियों ने कई बार शिकायत की थी कि गैर-खिलाड़ी ट्रैक पर दौड़ते हुए खिलाड़ियों के अभ्यास में बाधा डालते हैं। कई मौके पर टकराव की स्थिति भी बन जाती थी। इसी वजह से ट्रैक को सुरक्षित और नियंत्रित रखने के लिए यह कदम उठाया गया है, ताकि पेशेवर प्रशिक्षण प्रभावित न हो।

पहले भी लागू हो चुका है पास सिस्टम
करीब तीन वर्ष पहले भी स्टेडियम में इसी प्रकार के पास बनाए गए थे। उस समय लगभग 30 हजार लोगों ने कार्ड बनवाया था । इनमें से बड़ी संख्या ऐसे लोगों की थी जो पास के अस्पतालों में उपचार के लिए आए मरीजों के परिवारजन थे ।
खिलाड़ी अब कोच की मौजूदगी में ही करेंगे अभ्यास
हाल में रोहतक और झज्जर के मामलों को देखते हुए एथलेटिक्स खिलाड़ियों के लिए नया नियम जोड़ा गया है। अब कोई भी खिलाड़ी कोच की मौजूदगी के बिना मैदान पर अभ्यास नहीं करेगा। इस निर्देश का उल्लंघन करने पर कार्रवाई तय की गई है। यह निर्णय हरियाणा खेल मंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में लिया गया। स्टेडियम के एसडीई, राम प्रसाद गोदारा ने बताया “ट्रैक पर प्रवेश अब सिर्फ उन्हीं को मिलेगा जिनके पास निर्धारित पास होगा। खिलाड़ियों को बिना व्यवधान के अभ्यास कर सकें, इसके लिए यह व्यवस्था अपनाई गई है।”










