Namo Bharat को मिली हाई-स्पीड मेंटेनेंस चाबी, लंबी दूरी की मेंटेनेंस अब मिनटों में होगी
नमो भारत जैसी शहरी और क्षेत्रीय रेल सेवाए सुबह 5:30 बजे से रात 11 बजे तक लंबे समय के लिए चलती हैं, मेंटेनेंस टीम के पास काम करने के लिए बहुत कम समय बचता है।

Namo Bharat : देश के पहले रीजनल रेल कॉरिडोर दिल्ली-गाज़ियाबाद-मेरठ (नमो भारत) के रखरखाव को और भी ज़्यादा तेज़ और भरोसेमंद बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया गया है। नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (NCRTC) ने अपनी फ्लीट में एक अत्याधुनिक हाई-स्पीड कैटेनरी मेंटेनेंस व्हीकल (CMV) को शामिल किया है।
यह विशेष वाहन 82 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर पर निरीक्षण और रखरखाव (मेंटेनेंस) के काम को तेज़ी और अधिक कुशलता से पूरा करेगा, जिससे यात्रियों के लिए नमो भारत ट्रेन का परिचालन लगातार विश्वसनीय, स्थिर और सुरक्षित बना रहेगा।


डिज़ाइन स्पीड: इसे 120 किमी प्रति घंटे की अधिकतम रफ़्तार के लिए डिज़ाइन किया गया है, और इसकी ऑपरेशनल स्पीड 110 किमी प्रति घंटा है।
टेक्नोलॉजी इंटीग्रेशन: देश में पहली बार, इस CMV को नमो भारत के अत्याधुनिक ईटीसीएस (ETCS) लेवल 2 हाइब्रिड लेवल 3 सिग्नलिंग सिस्टम के साथ इंटीग्रेट किया गया है।
सुरक्षित परिचालन: इस इंटीग्रेशन के कारण, यह वाहन ऑटोमैटिक ट्रेन प्रोटेक्शन (ATP) मोड में काम कर सकता है, जिससे पूरे कॉरिडोर पर निरीक्षण और मेंटेनेंस का काम तेज़ होने के साथ-साथ सुरक्षित भी हो जाता है।


यह स्वदेशी रूप से निर्मित CMV हाल ही में सड़क मार्ग से गाज़ियाबाद के दुहाई स्थित नमो भारत डिपो लाया गया, जहाँ इसे ट्रैक पर उतारा गया।
नमो भारत जैसी शहरी और क्षेत्रीय रेल सेवाएँ सुबह 5:30 बजे से रात 11 बजे तक लंबे समय के लिए चलती हैं, मेंटेनेंस टीम के पास काम करने के लिए बहुत कम समय बचता है। इसके अलावा, यह कॉरिडोर 82 किमी लंबा है।
यह त्वरित प्रतिक्रिया ओएचई (ओवरहेड इक्विपमेंट) से जुड़ी किसी भी समस्या का जल्द पता लगाकर तुरंत समाधान करती है, जिससे ट्रेनें समय पर चलती हैं और यात्रियों को पीक आवर्स में भी एक सुव्यवस्थित और सुगम यात्रा अनुभव मिलता है।
यह मेंटेनेंस व्हीकल कॉरिडोर पर उपयोग किए जा रहे फ्लेक्सिबल और रिजिड दोनों तरह के ओवरहेड कैटेनरी सिस्टम का रखरखाव करने में सक्षम है।
प्लेटफ़ॉर्म और क्रेन: इसमें एक लिफ्टिंग और स्विवलिंग प्लेटफॉर्म है जो नियमित निरीक्षण और मरम्मत में मदद करता है। बकेट के साथ जुड़ी एक क्रेन टीमों को स्विचिंग पोस्ट जैसे दुर्गम हिस्सों तक सुरक्षित रूप से पहुँचाती है।
माप और निगरानी: गाड़ी पर लगा एक पैंटोग्राफ ओवरहेड तारों की स्थिति को मापता है। ऑनबोर्ड कैमरे ऑपरेटर को पैंटोग्राफ मूवमेंट और क्रेन गतिविधियों की रियल-टाइम विज़िबिलिटी देते हैं।
सुरक्षा: ऑपरेटिंग क्रू और मेंटेनेंस टीम के लिए सुरक्षित कामकाजी माहौल सुनिश्चित करने हेतु इसमें कई इंटरलाक और सेफ्टी मैकेनिज़्म लगाए गए हैं।
NCRTC का कहना है कि इस हाई-स्पीड CMV के साथ, वे सिस्टम को और अधिक विश्वसनीय बनाएंगे, अप्रत्याशित रुकावटों को कम करेंगे, और यात्रियों के लिए निरंतर समयबद्ध और भरोसेमंद यात्रा सुनिश्चित करते रहेंगे।












