MCG Election : 22 मई को हो सकता है सीनियर व डिप्टी मेयर का चुनाव, राष्ट्रीय संगठन मंत्री खुद संभालेंगे कमान
राष्ट्रीय संगठन महामंत्री की सहमति के बाद ही दोनों पदों के उम्मीदवारों के नामों पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी, जिससे पार्टी में चल रही अंदरूनी गुटबाजी पर पूरी तरह से विराम लग सके।

MCG Election : नगर निगम गुरुग्राम (MCG) में सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के पदों को लेकर पिछले काफी समय से चली आ रही खींचतान अब अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गई है। राजनीतिक गलियारों में इस बात की पुरजोर चर्चा है कि इन दोनों महत्वपूर्ण पदों के लिए आगामी 22 मई को चुनाव संपन्न कराए जा सकते हैं।
इस चुनाव को लेकर शहर के दो बड़े दिग्गज नेताओं के बीच चल रही अंदरूनी जंग और गुटबाजी को शांत करने के लिए अब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के केंद्रीय नेतृत्व ने खुद मोर्चा संभाल लिया है।
पार्टी के भीतर चल रहे गतिरोध को खत्म करने के लिए भाजपा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री बीएल संतोष खुद कमान संभालने गुरुग्राम आ रहे हैं। वह 21 मई को गुरुग्राम पहुंचेंगे और दोनों पदों के चुनाव को लेकर पूरी रूपरेखा तैयार करेंगे। इस दौरान उनके साथ हरियाणा भाजपा के संगठन मंत्री फर्निंद्र नाथ शर्मा भी मौजूद रहेंगे।
माना जा रहा है कि राष्ट्रीय संगठन महामंत्री की सहमति के बाद ही दोनों पदों के उम्मीदवारों के नामों पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी, जिससे पार्टी में चल रही अंदरूनी गुटबाजी पर पूरी तरह से विराम लग सके।
चुनावी समीकरणों को साधने और सर्वसम्मति बनाने के लिए 21 मई को शाम पांच बजे भाजपा के जिला कार्यालय ‘गुरुकमल’ में एक अहम बैठक बुलाई गई है। इस बैठक की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसमें राष्ट्रीय संगठन मंत्री के अलावा गुरुग्राम लोकसभा क्षेत्र के सांसद, जिले के चारों विधायक और नगर निगम के सभी पार्षदों को अनिवार्य रूप से मौजूद रहने के निर्देश दिए गए हैं।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, बीएल संतोष सभी पार्षदों और स्थानीय नेताओं से वन-टू-वन बात कर फीडबैक ले सकते हैं, ताकि किसी भी तरह की बगावत की गुंजाइश न बचे।
नगर निगम सदन में भाजपा के पास बेहद मजबूत और स्पष्ट बहुमत है, जिसके कारण दोनों ही पदों पर भाजपा उम्मीदवारों की जीत पहले से ही तय मानी जा रही है। लेकिन असली चुनौती विपक्ष नहीं, बल्कि पार्टी के भीतर ही मची होड़ है। दोनों पदों के लिए भाजपा के अंदर दावेदारों की एक लंबी कतार खड़ी है।
अलग-अलग स्थानीय गुट अपने-अपने चेहरों को इन कुर्सियों पर बैठाने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगा रहे हैं। इसी खींचतान को खत्म करने के लिए केंद्रीय मंत्रियों और राज्य के कैबिनेट मंत्रियों की सहमति से ही फाइनल नाम तय किए जाएंगे।
नेताओं और पार्षदों की आपसी रंजिश और खींचतान की वजह से सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव की बैठक पहले दो बार स्थगित की जा चुकी है। इससे पहले 30 अप्रैल को इन दोनों पदों के लिए चुनाव प्रस्तावित थे। चुनाव के दिन बड़ी संख्या में पार्षद हरियाणा लोक प्रशासन संस्थान (हिपा) पहुंच चुके थे और प्रशासन ने भी मतदान की पूरी तैयारी कर ली थी। लेकिन ठीक ऐन वक्त पर मेयर राजरानी मल्होत्रा की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके कारण पूरी मतदान प्रक्रिया को स्थगित करना पड़ा।
30 अप्रैल से पहले भी एक बार चुनाव बैठक की आधिकारिक घोषणा की गई थी, लेकिन राजनीतिक और किन्हीं अपरिहार्य कारणों से बैठक शुरू होने से ठीक पहले ही उसे रद्द कर दिया गया था।
राष्ट्रीय नेतृत्व ने इस मामले में सीधा दखल दिया है, तो यह माना जा रहा है कि 22 मई को गुरुग्राम को अपने नए सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर मिल जाएंगे। शहर की जनता भी उम्मीद कर रही है कि इस राजनीतिक ड्रामे के खत्म होने के बाद निगम के रुके हुए विकास कार्यों में तेजी आएगी।