Haryana में EWS वालों की बल्ले बल्ले, सरकारी नौकरियों और कॉलेजों में आरक्षण के लिए आय सीमा अब ₹8 लाख
यह निर्णय केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप लिया गया है। इससे पहले, 25 फरवरी 2019 को जारी आदेशों के अनुसार हरियाणा में यह सीमा 6 लाख रुपए थी

Haryana : हरियाणा सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के परिवारों को नए साल का बड़ा तोहफा दिया है । प्रदेश सरकार ने राज्य में EWS आरक्षण का लाभ लेने के लिए वार्षिक आय की सीमा को 6 लाख रुपए से बढ़ाकर 8 लाख रुपए करने का आधिकारिक निर्णय लिया है। मुख्य सचिव कार्यालय (CSO) द्वारा इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी गई है।
केंद्र के समान हुई आय सीमा
यह निर्णय केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप लिया गया है। इससे पहले, 25 फरवरी 2019 को जारी आदेशों के अनुसार हरियाणा में यह सीमा 6 लाख रुपए थी। अब राज्य सरकार की नौकरियों और शिक्षण संस्थानों में प्रवेश के लिए 8 लाख रुपए तक की वार्षिक आय वाले सामान्य वर्ग के परिवार आरक्षण के पात्र होंगे।
इन क्षेत्रों में मिलेगा सीधा लाभ
संशोधित आय सीमा निम्नलिखित क्षेत्रों में तत्काल प्रभाव से लागू होगी :
सरकारी नौकरियां: राज्य के सिविल पदों और सेवाओं में प्रत्यक्ष भर्ती के दौरान 10% आरक्षण।
शिक्षा: सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों में प्रवेश।
आवास योजनाएं: कॉलोनियों और ग्रुप हाउसिंग में मिलने वाले फ्लैट्स व प्लॉट्स।


अक्टूबर 2025 की ‘EWS आवास पॉलिसी’ से जुड़ेगा लाभ
हरियाणा सरकार ने अक्टूबर 2025 में एक महत्वाकांक्षी EWS आवास पॉलिसी लागू की थी। इस पॉलिसी के तहत शहरों में रहने वाले गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए घर का सपना साकार करना अनिवार्य कर दिया गया है:
लाइसेंस प्राप्त कॉलोनियां: हर कॉलोनी में 20% प्लॉट EWS वर्ग के लिए आरक्षित होंगे।
ग्रुप हाउसिंग: हर सोसाइटी में 15% फ्लैट इस वर्ग के लिए सुरक्षित रखना अनिवार्य है। इस योजना के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी ‘हाउसिंग फॉर ऑल’ विभाग को सौंपी गई है।
हरियाणा EWS प्रमाणपत्र के अन्य फायदे
आय सीमा बढ़ने से अब अधिक संख्या में परिवार निम्नलिखित योजनाओं का लाभ ले सकेंगे:

मुफ्त शिक्षा (RTE): कक्षा 1 से 3 तक के बच्चों के लिए अनिवार्य मुफ्त शिक्षा।
चिराग योजना: कक्षा 4 से 12 तक के छात्रों के लिए निजी स्कूलों में वित्तीय सहायता।
सब्सिडी: विभिन्न सरकारी योजनाओं और आवास ऋणों पर विशेष सब्सिडी।
EWS प्रमाणपत्र की वैधता आमतौर पर एक साल की होती है। पात्र उम्मीदवारों को हर साल अपना प्रमाणपत्र रिन्यू कराना होगा ताकि वे राज्य और केंद्र दोनों स्तरों की योजनाओं का लाभ उठा सकें।











