Air Fare : आसमान में उड़ना हुआ महंगा, घरेलू उड़ानों के साथ-साथ अब सात समंदर पार जाना भी हुआ महंगा
ईरान युद्ध के चलते आसमान छू रहे तेल के दाम; एयर इंडिया ने लागू की नई दरें, जानें आपकी जेब पर कितना बढ़ेगा बोझ ?

Air Fare : संभलकर बनाएं वेकेशन प्लान! एयर इंडिया के टिकटों में ‘आग’, 10 अप्रैल से लागू हुईं $280 तक की नई दरें
वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी तेजी का असर अब सीधे आम आदमी की जेब पर पड़ने लगा है। एयर इंडिया ग्रुप ने घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों रूटों पर अपने फ्यूल सरचार्ज (ईंधन अधिभार) में बड़ी बढ़ोतरी कर दी है। विशेष रूप से 10 अप्रैल 2026 से यूरोप, उत्तरी अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया जाने वाली उड़ानों के लिए नई दरें प्रभावी हो गई हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय यात्रा अब काफी महंगी हो जाएगी।

क्यों बढ़े दाम?
ईरान में जारी युद्ध की स्थिति के कारण वैश्विक स्तर पर जेट फ्यूल (ATF) की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है। डेटा के अनुसार, फरवरी के अंत में जो ईंधन $99.40 प्रति बैरल था, वह मार्च के अंत तक लगभग 100% बढ़कर $195.19 प्रति बैरल पर पहुंच गया है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय और पेट्रोलियम मंत्रालय के हस्तक्षेप के बाद घरेलू कीमतों पर तो कुछ नियंत्रण है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय रूटों पर एयरलाइंस को भारी दबाव झेलना पड़ रहा है।
घरेलू उड़ानें: अब दूरी के हिसाब से लगेगा चार्ज
एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने घरेलू रूटों के लिए एक ‘डिस्टेंस-बेस्ड ग्रिड’ तैयार किया है। यानी अब आप जितनी लंबी दूरी तय करेंगे, सरचार्ज उतना ही अधिक होगा:
| दूरी (किमी) | नया फ्यूल सरचार्ज (₹) |
| 0 – 500 | ₹ 299 |
| 501 – 1000 | ₹ 399 |
| 1001 – 1500 | ₹ 549 |
| 1501 – 2000 | ₹ 749 |
| 2000 से अधिक | ₹ 899 |
अंतरराष्ट्रीय यात्रा: $280 तक की बड़ी बढ़ोतरी
10 अप्रैल से लागू हुए नए नियमों के अनुसार, लंबी दूरी की उड़ानों पर यात्रियों को तगड़ा झटका लगा है। विशेष रूप से अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया जाने वाले यात्रियों को अब हर सेक्टर के लिए $280 (लगभग ₹23,000 से अधिक) का अतिरिक्त सरचार्ज देना होगा।
प्रमुख अंतरराष्ट्रीय रूटों पर नया सरचार्ज:
- उत्तरी अमेरिका व ऑस्ट्रेलिया: $280 (आज से प्रभावी)
- यूरोप (यूके सहित): $205 (आज से प्रभावी)
- सिंगापुर: $60
- दक्षिण-पूर्व एशिया व चीन: $100
- मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट): $50
यात्रियों के लिए राहत की बात
राहत की खबर केवल उन लोगों के लिए है जिन्होंने अपनी टिकटें निर्धारित समय सीमा से पहले बुक करा ली थीं। उन पर यह नया बोझ नहीं पड़ेगा। हालांकि, यदि आप अपनी पुरानी टिकट की तारीख या रूट बदलते हैं और फेयर दोबारा कैलकुलेट होता है, तो आपको नई दरें चुकानी होंगी।
एयरलाइन ने स्पष्ट किया है कि वह ईंधन की कीमतों की समय-समय पर समीक्षा करती रहेगी, ताकि भविष्य में कीमतें घटने पर यात्रियों को राहत दी जा सके। फिलहाल, जो लोग गर्मियों की छुट्टियों में विदेश जाने का प्लान कर रहे हैं, उन्हें अपने बजट में इस बढ़ोत्तरी को शामिल करना होगा।