Sheetla Mata Mandir : मंदिर में नवरात्रि की अनोखी शुरुआत, सीईओ ने भक्तों को दी माता की चुनरी, बदला-बदला सा है मंदिर का रंग
श्री माता शीतला देवी पूजा स्थल बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सुमित कुमार को मंदिर के सौंदर्यीकरण और भक्तों के लिए बेहतर व्यवस्थाएं की गई है। उनको स्वास्तिक फाउंडेशन ने सम्मानित किया है। फाउंडेशन के सदस्यों ने सीईओ कार्यालय पहुंचकर उनके प्रयासों की सराहना की।

Sheetla Mata Mandir : शारदीय नवरात्र में मिलेनियम सिटी के मंदिरों में पूजा के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे है। ऐसे में गुरुग्राम में स्थित शीतला माता मंदिर में भक्तों के लिए इस बार विशेष इंतजाम किए गए है,ताकि वह अच्छे से माता के दर्शन कर सके। मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए पानी,भंडारा और लाइन में गर्मी न लगे उसके लिए विशेष इंतजाम किए गए। इसके अलावा मंदिर में दर्शन करने के लिए आने वाले भक्तों के लिए विशेष पार्किंग और सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम मंदिर के सीईओ सुमित कुमार के द्वारा किए गए है।
श्री माता शीतला देवी पूजा स्थल बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सुमित कुमार को मंदिर के सौंदर्यीकरण और भक्तों के लिए बेहतर व्यवस्थाएं की गई है। उनको स्वास्तिक फाउंडेशन ने सम्मानित किया है। फाउंडेशन के सदस्यों ने सीईओ कार्यालय पहुंचकर उनके प्रयासों की सराहना की।
भक्तों को दिया जा रहा सम्मान
नवरात्र के दौरान मंदिर में देशभर से लाखों लोग दर्शन करने के लिए मंदिर में आते है। पहली बार मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सुमित कुमार ने मंदिर में दर्शन करने के लिए आने वाले भक्तों को माता की चुन्नी देकर सम्मान दिया जा रहा है। ऐसा पहली बार हुआ है और सीईओ मंदिर में ज्यादा समय बिताते है,ताकि भक्तों को कोई दिक्कत हो,तो उसको जल्द से जल्द दूर किया जा सके।

मंदिर की व्यवस्थाओं में आया बड़ा बदलाव
स्वास्तिक फाउंडेशन के संरक्षक बनवारी लाल सैनी और सुमेर सिंह तंवर ने बताया कि जब से सुमित कुमार ने पदभार संभाला है, मंदिर में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। उन्होंने साफ-सफाई, भक्तों की सुविधाओं और मंदिर के पूरे वातावरण को भक्तिमय बनाने पर विशेष ध्यान दिया है। जगह-जगह बजते धार्मिक गीतों ने परिसर के माहौल को और भी आध्यात्मिक बना दिया है, जिससे श्रद्धालु काफी खुश हैं।
नवरात्रों के लिए खास तैयारी
सीईओ सुमित कुमार ने सम्मान के लिए स्वास्तिक फाउंडेशन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उनका मुख्य लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की असुविधा न हो। उन्होंने बताया कि चूंकि यहां देश के विभिन्न हिस्सों से भक्त आते हैं, इसलिए बेहतर व्यवस्था करना उनकी पहली प्राथमिकता है।