New Rules: गुरुग्राम में पेट्रोल-डीजल के नए नियम लागू, बोतल और ड्रम में तेल मिलने पर पूरी तरह रोक, बढ़ी टेंशन
रास्ते में गाड़ी बंद हुई तो बोतल में नहीं मिलेगा पेट्रोल, व्यावसायिक वाहनों को भी 200 लीटर से ज्यादा डीजल देने पर भी लगी पाबंदी; जिला अधिकारी की सख्त चेतावनी

News Rules : साइबर सिटी गुरुग्राम के वाहन चालकों, व्यावसायिक वाहन मालिकों और छोटे जनरेटरों का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए एक बेहद जरूरी और परेशान करने वाली खबर है। जिला प्रशासन और भारत सरकार के आदेशों के बाद शुक्रवार से शहर के सभी पेट्रोल पंपों पर तेल बिक्री को लेकर (New Rules) नए और कड़े नियम पूरी तरह लागू कर दिए गए हैं। इन नए नियमों (New Rules) के तहत अब किसी भी व्यक्ति को बोतल, कैन या ड्रम में खुले आम पेट्रोल-डीजल नहीं दिया जाएगा। इसके साथ ही एक बार में 200 लीटर से अधिक डीजल की बिक्री पर भी पाबंदी लगा दी गई है। सरकार के इन सख्त निर्देशों के बाद पेट्रोल पंप संचालकों ने भी नए नियमों का सख्ती से पालन करना शुरू कर दिया है।
⚠️ रास्ते में गाड़ी का ईंधन खत्म हुआ तो नहीं मिलेगा बोतल में तेल
नए नियमों (New Rules) का सबसे बड़ा असर आम जनता और दोपहिया या चार पहिया वाहन चालकों पर पड़ने वाला है। यदि रास्ते में चलते-चलते अचानक आपकी कार, स्कूटर या बाइक का पेट्रोल/डीजल खत्म हो जाता है, और आप किसी नजदीकी पेट्रोल पंप पर प्लास्टिक की बोतल या कैन लेकर तेल लेने जाते हैं, तो आपको खाली हाथ लौटना पड़ेगा।
गाड़ी लाना अनिवार्य:
जिला प्रशासन के स्पष्ट निर्देश हैं कि पेट्रोल या डीजल केवल वाहनों की टंकी में ही सीधे भरा जाएगा। यदि किसी को भी तेल की आवश्यकता है, तो उसे अपनी गाड़ी पेट्रोल पंप तक लेकर आनी ही होगी। खुले बर्तन या बोतल में तेल देने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
🛢️ जनरेटर चलाने वालों पर मंडराया संकट, ड्रम में तेल मिलना बंद
इस New Rules नए फैसले से सबसे ज्यादा सिरदर्द उन लोगों और दुकानदारों के लिए खड़ा हो गया है जो बिजली कटने पर छोटे या बड़े जनरेटरों का इस्तेमाल करते हैं। अक्सर लोग जनरेटर चलाने के लिए पेट्रोल पंपों से 50 या 100 लीटर के ड्रम में डीजल भरकर ले जाते थे। अब पेट्रोल पंप संचालकों ने साफ कर दिया है कि वे ड्रमों में डीजल की सप्लाई बिल्कुल नहीं करेंगे। ऐसे में शहर के छोटे व्यापारियों, बैंक्वेट हॉलों, और सोसाइटियों में लगे जनरेटरों को ईंधन देने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ेगा।
🚛 कमर्शियल वाहनों के लिए 200 लीटर की सीमा तय, राजस्थान जाने वालों को झटका
New Rules नए नियमों के अनुसार, अब कोई भी पेट्रोल पंप एक बार में किसी सामान्य कमर्शियल वाहन को 200 लीटर से अधिक डीजल नहीं दे सकेगा। इस फैसले से उन मालवाहक गाड़ियों और भारी ट्रकों के मालिकों की चिंता बढ़ गई है जो लंबी दूरी के रूट पर चलते हैं। विशेषकर उन वाहनों को सबसे ज्यादा नुकसान होगा जो हरियाणा से सीधे राजस्थान या अन्य राज्यों की तरफ जाते हैं। चूंकि हरियाणा के मुकाबले पड़ोसी राज्य राजस्थान में तेल की कीमतें काफी अधिक हैं, इसलिए ट्रक चालक अक्सर गुरुग्राम से ही अपनी 700 लीटर की पूरी टंकी फुल करवा कर निकलते थे। अब कमर्शियल वाहनों को बार-बार पेट्रोल पंपों के चक्कर लगाने होंगे। हालांकि, सरकार के आदेश में स्पष्ट किया गया है कि जिन वाहनों के पास पीइएसओ (PESO) और एचएसडी (HSD) का वैध लाइसेंस है, उन्हें ही 200 लीटर से अधिक तेल दिया जा सकेगा।
🔍 नियमों का उल्लंघन करने वाले पेट्रोल पंपों पर होगी सख्त कार्रवाई
इस पूरे मामले पर जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक अधिकारी (DFSC) केके गोयल का कहना है कि शहर के सभी पेट्रोल पंपों पर प्रशासन की पैनी नजर बनी हुई है। उन्होंने साफ चेतावनी दी है कि सरकार के ये आदेश बेहद सख्त हैं। यदि कोई भी पेट्रोल पंप संचालक इन नियमों की अनदेखी करता हुआ पाया गया या किसी को बोतल/ड्रम में चोरी-छिपे तेल देते पकड़ा गया, तो उसके खिलाफ तुरंत कड़ी कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।