Haryana Govt. का बड़ा फैसला: अब 8 लाख सालाना आय वाले भी आएंगे EWS श्रेणी में, कैसे बनेगा आपका नया सर्टिफिकेट?
प्रदेश के सामान्य वर्ग को बड़ी राहत; अब 8 लाख तक कमाने वाले भी होंगे EWS के हकदार।

Haryana Govt :
हरियाणा सरकार ने प्रदेश के सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से पिछड़े परिवारों को नए साल का बड़ा तोहफा दिया है। राज्य सरकार ने ईडब्ल्यूएस (Economically Weaker Section) आरक्षण के लिए तय वार्षिक पारिवारिक आय की सीमा में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। अब राज्य में 6 लाख रुपये की बजाय 8 लाख रुपये तक की वार्षिक आय वाले परिवार भी ईडब्ल्यूएस आरक्षण का लाभ उठा सकेंगे। यह निर्णय मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली हरियाणा सरकार ने केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के साथ एकरूपता लाने के उद्देश्य से लिया है।

क्या है नया आदेश? New Order ?
मुख्य सचिव कार्यालय द्वारा जारी किए गए पत्र के अनुसार, अब सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में प्रवेश के लिए ईडब्ल्यूएस श्रेणी का लाभ लेने हेतु आय की सीमा बढ़ा दी गई है।
पुरानी आय सीमा: 6 लाख रुपये वार्षिक।
नई आय सीमा: 8 लाख रुपये वार्षिक।
अन्य शर्तें: आय सीमा के अलावा संपत्ति और अन्य पात्रता संबंधी पूर्व में जारी निर्देश यथावत (वैसे ही) रहेंगे।
किन लोगों को होगा इसका सीधा लाभ? Benifit ?
इस फैसले से उन हजारों युवाओं और परिवारों को लाभ होगा, जो पहले 6 लाख से थोड़ी अधिक आय होने के कारण आरक्षण के दायरे से बाहर हो जाते थे। विशेष रूप से:
सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवा: अब 8 लाख तक की पारिवारिक आय वाले उम्मीदवार राज्य की भर्तियों में आरक्षण का दावा कर पाएंगे।
उच्च शिक्षा में प्रवेश: कॉलेज और यूनिवर्सिटी में दाखिले के समय आरक्षित सीटों का लाभ अब अधिक छात्रों को मिलेगा।
क्यों लिया गया यह निर्णय?
अभी तक हरियाणा में राज्य सरकार की नौकरियों के लिए ईडब्ल्यूएस की सीमा 6 लाख रुपये थी, जबकि केंद्र सरकार की नौकरियों के लिए यह सीमा पहले से ही 8 लाख रुपये निर्धारित थी। इस अंतर के कारण राज्य के युवाओं को अक्सर भ्रम और नुकसान का सामना करना पड़ता था। अब राज्य और केंद्र दोनों के लिए आय सीमा समान होने से प्रक्रिया और अधिक पारदर्शी और सुलभ हो जाएगी।
नोट: पात्र उम्मीदवार अब अपनी नई आय सीमा के आधार पर संबंधित तहसीलदार या सक्षम अधिकारी से अपना नया EWS प्रमाणपत्र बनवा सकते हैं ताकि आगामी भर्तियों में इसका लाभ मिल सके।













