Gurugram News : गुरुग्राम की ‘बदनामी’ के बाद जागी सरकार,स्वच्छता पर हाई-लेवल बैठक में सफाई को लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय
सोशल मीडिया पर गुरुग्राम को PiG House तक कह डाला और यहां तक की कई लोगों ने शहर को भी छोड़ना शुरू कर दिया। विश्व स्तर पर बेइज्जती होने के बाद रविवार को शहरी स्थानीय निकाय के आयुक्त एवं सचिव विकास गुप्ता ने स्वच्छता को लेकर एक उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।

Gurugram News : विश्व स्तर पर गुरुग्राम की बेइज्जती होने के बाद आखिरकार निगम अधिकारी नींद से जाग गए। शहर को मिलेनियम सिटी की तर्ज पर साफ सुथरा बनाने के लिए एक बार बंद कमरे में वरिष्ठ अधिकारी,विधायकों की बैठक हुई। बैठक में सफाई को लेकर निर्देश दिए गए,लेकिन लापरवाही पर कोई कार्रवाई की बात नहीं हुई।
जबकि बीते सप्ताह स्वच्छता सर्वेक्षण रिपोर्ट आने पर विधायक से लेकर अधिकारियों ने वाह-वाही लूटी थी। गंदगी और बदबू का दंश झेल रहे शहरवासियों की शिकायत के बाद भी संज्ञान लेने के लिए अधिकारियों ने जहमत तक नहीं उठाई। ऐसे में परेशान होकर लोगों ने सोशल मीडिया पर अपनी परेशानियों को साझा कर अधिकारियों व सरकार को घेरना शुरू कर दिया।

सोशल मीडिया पर गुरुग्राम को PiG House तक कह डाला और यहां तक की कई लोगों ने शहर को भी छोड़ना शुरू कर दिया। विश्व स्तर पर बेइज्जती होने के बाद रविवार को शहरी स्थानीय निकाय के आयुक्त एवं सचिव विकास गुप्ता ने स्वच्छता को लेकर एक उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में विधायक मुकेश शर्मा, मंडल आयुक्त आर सी बिढान, डीसी अजय कुमार, नगर निगम के आयुक्त प्रदीप दहिया और मेयर राजरानी मल्होत्रा सहित कई अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक का मुख्य उद्देश्य गुरुग्राम में स्वच्छता की स्थिति में सुधार लाने और इस संबंध में ठोस निर्णय लेना था। शहर को स्वच्छ बनाने के लिए कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई और महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
इनमें डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण के लिए गाड़ियों की संख्या बढ़ाने, शहर की मुख्य सड़कों से कूड़े की ट्रॉलियों को हटाने, गुरुग्राम में बाहर से आने वाले कूड़े पर सख्त रोक लगाने और स्वच्छता से जुड़े संसाधनों को बढ़ाने जैसे कार्य शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, अन्य कई छोटे-बड़े कार्यों को लेकर भी निर्णय लिए गए ताकि शहर में समग्र स्वच्छता सुनिश्चित की जा सके।

विकास गुप्ता ने जोर देते हुए कहा कि इन निर्णयों का असर एक सप्ताह के भीतर जमीन पर दिखना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि इस संबंध में एक विस्तृत कार्ययोजना जल्द ही अंतिम रूप दी जाए। इस पहल के तहत, कल से सभी पार्षद और निगम व जिला प्रशासन की टीमें फील्ड में सक्रिय रूप से नजर आएंगी। वे यह सुनिश्चित करेंगे कि लिए गए निर्णयों का क्रियान्वयन प्रभावी ढंग से हो रहा है।
एक सप्ताह बाद, शुक्रवार को शहरी स्थानीय निकाय के आयुक्त एक समीक्षा बैठक करेंगे, जिसमें पिछले सात दिनों में हुए कार्यों की प्रगति का मूल्यांकन किया जाएगा। यह कदम गुरुग्राम को एक स्वच्छ और स्वस्थ शहर बनाने की दिशा में एक मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाता है।










