Good News : हरियाणा सरकार का किसानों को बड़ा तोहफा, जल्द लॉन्च होगा किसान ई-खरीद एप

अगले सीजन से लॉन्च होगा 'किसान ई-खरीद एप'; मंडियों में 81 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की रिकॉर्ड आवक

Good News :  हरियाणा के मुख्यमंत्री  नायब सिंह सैनी ने प्रदेश के किसानों के लिए एक बड़ी डिजिटल सुविधा का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले सप्ताह से राज्य के सभी किसानों को व्हाट्सएप के माध्यम से क्यूआर (QR) कोड आधारित ‘जे-फॉर्म’ भेजे जाएंगे।

इस पहल से किसानों को बैंकों से ऋण लेने और अन्य सरकारी सुविधाओं का लाभ उठाने में कोई परेशानी नहीं होगी। शनिवार को चंडीगढ़ में आयोजित एक प्रेस वार्ता में उन्होंने प्रदेश की कृषि व्यवस्था में हो रहे क्रांतिकारी बदलावों और गेहूँ खरीद के रिकॉर्ड आंकड़ों को साझा किया।

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अगले सीजन से सरकार ‘किसान ई-खरीद एप’ लॉन्च करेगी। इस सिंगल-प्लेटफॉर्म एप में किसानों को जे-फॉर्म, भुगतान की स्थिति, भूमि बुवाई का सत्यापन, गेट पास शेड्यूलिंग और भूमि सत्यापन जैसी सभी महत्वपूर्ण जानकारियां एक क्लिक पर उपलब्ध होंगी। इससे खरीद प्रक्रिया में होने वाली देरी पूरी तरह समाप्त हो जाएगी।

रबी सीजन 2026-27 में हरियाणा की मंडियों में गेहूँ की बंपर आवक हुई है। मुख्यमंत्री ने बताया अब तक मंडियों में 81 लाख 48 हजार मीट्रिक टन गेहूँ पहुँच चुका है। किसानों की फसल का कुल मूल्य 21 हजार 44 करोड़ रुपये आंका गया है।  11 अप्रैल को एक ही दिन में 7.71 लाख मीट्रिक टन गेहूँ की आवक दर्ज की गई। अब तक 5.80 लाख किसान अपनी उपज बेच चुके हैं और उन्हें समय पर भुगतान किया जा रहा है।

खरीद प्रक्रिया में किसी भी तरह के फर्जीवाड़े को रोकने के लिए सरकार ने प्रदेश की सभी 416 मंडियों और 281 खरीद केंद्रों की ‘जियो फेंसिंग’ की है। मंडियों की निगरानी के लिए 932 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब मंडी से बाहर कोई भी फर्जी खरीद संभव नहीं है। साथ ही, 97 प्रतिशत गेहूँ का बायोमेट्रिक सत्यापन पूरा हो चुका है।

प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों के लिए सरकार ने मानकों में ढील दी है। गेहूँ की चमक में 70% तक की कमी और टूटे दानों की सीमा को 6% से बढ़ाकर 15% किया गया है। इसके अलावा, आढ़तियों का कमीशन भी 33.75 रुपये से बढ़ाकर 55 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया है।

मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि हरियाणा देश का पहला राज्य है जहाँ सभी फसलों की खरीद एमएसपी (MSP) पर की जा रही है। ‘मेरी फसल-मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर इस वर्ष रिकॉर्ड 10 लाख से अधिक किसान पंजीकृत हुए हैं, जो सरकार की पारदर्शी नीतियों पर किसानों के भरोसे का प्रतीक है।

Manu Mehta

मनु मेहता पिछले लगभग 18 वर्षों से गुरुग्राम की पत्रकारिता में सक्रिय एक अनुभवी और विश्वसनीय पत्रकार हैं। उन्होंने कई बड़े नेशनल न्यूज़ चैनलों (ANI News, News Express, TV 9,… More »
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